Bihar MLC Election: बिहार की 8 सीटों पर थमा प्रचार, 23 अक्तूबर को वोटिंग

बिहार विधान परिषद की चार स्नातक और चार शिक्षक सीटों पर 164 उम्मीदवारों के लिए 23 अक्तूबर को मतदान और 27 अक्तूबर को मतगणना होगी। चुनाव प्रचार थमने के बाद यह मुकाबला एनडीए, महागठबंधन और प्रशांत किशोर की जन सुराज पार्टी के बीच बहुकोणीय हो गया है, जो सभी प्रमुख दलों के जनाधार की अहम परीक्षा है।
आज यानी 21 अक्तूबर 2026 को बिहार विधान परिषद की चार स्नातक और चार शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों के लिए चुनाव प्रचार का शोर आज थम जाएगा। 164 उम्मीदवारों की किस्मत का फैसला 23 अक्तूबर को मतदान के जरिए होगा, बल्कि मतगणना 27 अक्तूबर को आयोजित की जाएगी।
इस बार का चुनाव सिर्फ प्रतिनिधि चुनने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह एनडीए की एकजुटता, महागठबंधन के आंतरिक तालमेल और प्रशांत किशोर की जन सुराज पार्टी के जनाधार का लिटमस टेस्ट बन गया है। प्रत्याशियों ने अंतिम समय तक घर-घर जनसंपर्क के साथ डिजिटल माध्यमों और फोन कॉल अभियानों के तहत मतदाताओं को साधने में कोई कसर नहीं छोड़ी है।
एनडीए और महागठबंधन का शक्ति प्रदर्शन
गठबंधन का गणित
एनडीए की तरफ से भाजपा और जदयू ने 4-4 सीटों पर आपसी सहमति से प्रत्याशी उतारे हैं।
महागठबंधन में तल्खी
इसके अलावा, राजद ने 6 सीटों पर उम्मीदवार खड़े किए हैं, बल्कि कांग्रेस भी कई सीटों पर चुनाव लड़ रही है।
वोटों का बिखराव
कई निर्वाचन क्षेत्रों में राजद और कांग्रेस के आमने-सामने होने से विपक्षी मतों के विभाजन की संभावना बढ़ गई है।
जन सुराज की चुनौती
प्रशांत किशोर की पार्टी ने 8 प्रत्याशी को खड़ा किया है। इस मुकाबले को उन्होंने पूरी तरह से बहुकोणीय बना दिया है।
डिजिटल प्रचार
उम्मीदवारों ने सीधे संवाद के अलावा ऑडियो संदेशों और टोली-कैंपने के जरिए शिक्षकों और स्नातकों तक अपनी पहुंच बनाई है।
पटना स्नातक क्षेत्र में गहराया सियासी ड्रामा
आपको बताते चलें कि, पटना स्नातक सीट पर जदयू के मौजूदा एमएलसी नीरज कुमार का सामना जन सुराज के अनुज सिंह, राजद के दिलीप कुमार और कांग्रेस के असदुल्लाह खान से है। मोकामा विधायक अनंत सिंह की तरफ खुलेआम अनुज सिंह का समर्थन करने से जदयू असहज नजर आ रही है। इस दौरान, अस्वस्थ होकर अस्पताल में भर्ती हुए नीरज कुमार का हाल-चाल जानने सीएम पहुंचे।
स्नातक क्षेत्रों में दिख रहा कड़ा मुकाबला
इस बार दरभंगा स्नातक सीट पर बीजेपी के सर्वेश कुमार के सामने सबसे अधिक 40 उम्मीदवार मैदान में हैं, जहां जन सुराज ने डॉ इम्तियाज नूरानी पर दांव लगाया है। तिरहूत में जदयू के अभिषेक झा और कोसी में भाजपा के एनके यादव की साख पर दांव लगी है। वहीं, विपक्षी दल अपने प्रभावित क्षेत्र को विस्तार देने की कोशिश कर कर रहे हैं।
शिक्षक सीटों पर पुराने दिग्गजों की साख
वहीं, पटना शिक्षक सीट से भाजपा के नवल किशोर यादव और दरभंगा से कांग्रेस के मदन मोहन झा अपनी जमीनी पकड़ बनाए रखने के लिए संघर्ष कर रहे हैं। इन क्षेत्रों में शिक्षकों की सेवा शर्तें, वेतन और अनुदान जैसे मुद्दे मुख्य हैं। जन सुराज ने नए चेहरों को उतारकर पारंपारिक दलों के समीकरण बिगाड़ने का प्रयास किया है।



