भरत भूषण तिवारी एनकाउंटर प्रकरण को लेकर सरकार और पुलिस विभाग को तीखी आलोचनाओं का सामना करना पड़ रहा है। इस मामले पर विपक्ष के साथ-साथ सत्ताधारी दल के कई नेताओं ने भी सवाल उठाए हैं। बढ़ते विवाद और जनदबाव के बीच प्रशासन ने तत्काल कदम उठाते हुए नए अधिकारी को एसडीपीओ की जिम्मेदारी सौंप दी है।
पंकज कुमार मिश्रा को सौंपी गई जगदीशपुर की कमान
राजेश कुमार शर्मा को हटाए जाने के बाद सरकार ने जगदीशपुर अनुमंडल की कानून-व्यवस्था को पटरी पर लाने के लिए तेज-तर्रार अधिकारी पंकज कुमार मिश्रा पर भरोसा जताया है। मद्यनिषेध एवं उत्पाद विभाग के साथ-साथ राज्य स्वापक नियंत्रण ब्यूरो, बिहार में तैनात पुलिस उपाधीक्षक पंकज कुमार मिश्रा को तत्काल प्रभाव से अगले आदेश तक के लिए जगदीशपुर का नया अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी नियुक्त किया गया है।
मुख्यालय ने दिया आदेश-अविलंब करें योगदान
पुलिस मुख्यालय द्वारा जारी निर्देश के मुताबिक, हटाए गए अधिकारी राजेश कुमार शर्मा को बिना कोई समय गंवाए तत्काल पटना पुलिस मुख्यालय में अपनी योगदान दर्ज कराने को कहा गया है। दूसरी तरफ नए एसडीपीओ पंकज कुमार मिश्रा को अविलंब जगदीशपुर पहुंचकर पदभार ग्रहण करने और इसकी अनुपालन रिपोर्ट शीघ्र मुख्यालय को सौंपने का सख्त आदेश दिया गया है।
आरोपी अधिकारी पर गिरी गाज
भरत तिवारी की मां द्वारा दर्ज एफआईआर में जगदीशपुर के तत्कालीन एसडीपीओ राजेश कुमार शर्मा को सीधे तौर पर नामजद आरोपी बनाया गया था। इसके बाद से ही उन पर निलंबन या पद से हटाए जाने की तलवार लटक रही थी। सरकार के इस फैसले से साफ है कि एनकाउंटर मामले में अब पुलिस के आला अधिकारियों पर भी गाज गिरनी शुरु हो चुकी है।