झारखंड में जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में जेपीएससी-जेएसएससी परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं के खिलाफ चल रहे छात्रों के धरना-प्रदर्शन को लेकर मंगलवार देर रात तनाव की स्थिति बन गई। जिसके बाद रात 12.30 बजे भारी पुलिस बल के साथ प्रशासिनक टीम धरना स्थल पहुंची। वहां जाकर धरना स्थल खाली कराने लगी।
इस बीच, डीसी मंजूनाथ भजंत्री और एसएसपी राकेश रंजन ने छात्रों से बातचीत की। इस बीच प्रशासन की कार्रवाई की सूचना मिलने पर बीजेपी नेता भी तुरंत धरना स्थल पर पहुंच गए।
भाजपा के नेताओं का दावा है कि मीडिया की मौजूदगी और बढ़ते जनदबाव के बाद प्रशासनिक टीम बिना धरना स्थल खाली कराए वापस चली गई।
छात्रों की आवाज दबाने से समस्या का समाधान नहीं होगा
भाजपा नेताओं ने कहा कि छात्रों का आंदोलन शांतिपूर्ण है और सरकार को उनकी मांगों पर सवांद के जरिए समाधान निकालना चाहिए। उन्होंने कहा कि छात्रों की आवाज दबाने से उनकी समस्याएं खत्म नहीं होगी। इतना ही नहीं, नेताओं ने आरोप लगाया है कि सरकार आंदोलनरत छात्रों से बातचीत करने के बजाय प्रशासिनक दबाव बनाने का प्रयास कर रही है।
भाजपा के नेताओं ने आगे कहा कि, वे छात्रों के साथ मजबूती से खड़े हैं और उनके न्यायपूर्ण संघर्ष में हर स्तर पर समर्थन जारी रहने वाला है।
धरना स्थल पर भाजपा नेताओं ने छात्रों से बात की
जब प्रशासनिक टीम पहुंचने के बाद धरना स्थल पर बीजेपी के कई वरिष्ठ नेता भी पहुंचे। इनमें प्रदेश महामंत्री अमर कुमार बाउरी, प्रदेश उपाध्यक्ष भानु प्रताप शाही, धनबाद विधायक राज सिन्हा, डाल्टेनगंज विधायक आलोक चौरसिया, प्रदेश मीडिया प्रभारी जोगेंद्र प्रताप सिंह और अशोक बड़ाईक शामिल थे।
बीजेपी नेताओं ने छात्रों से बातचीत कर आंदोलन और मांगों की जानकारी ली। बीजेपी नेताओं ने छात्रों को भरोसा दिलाया कि उनके मुद्दों को राजनीतिक स्तर पर मुख्य रुप से उठाया जाएगा और उनके मांगों के समर्थन में आवाज बुलंद हो जाएगी।