By LSChunav | Nov 03, 2026
4 नवंबर 2026 को राहुल गांधी संगरूर की रैली में पार्टी नेताओं के सामने नया रोडमैप रखेंगे। इस रैली से वे पंजाब कांग्रेस को एकजुट होकर चुनावी मैदान में उतरने और आगामी विधानसभा चुनाव में जीत का लक्ष्य हासिल करने का संदेश दिया है।
28 फरवरी को बरनाला में हुई रैली के दौरान राहुल गांधी ने मंच से ही पंजाब कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं को गुटबाजी छोड़कर एकजुट होने की सख्त नसीहत दी थी। उस समय पार्टी की अंदरूनी खींचतान और नेताओं के बीच वर्चस्व की लड़ाई बड़ी चुनौती थी। इस बीच, प्रदेश अध्यक्ष और प्रदेश प्रभारी दोनों बदल चुके हैं। संगरूर रैली में राहुल का संदेश सिर्फ एकजुटता तक सीमित रहने के स्थान पर चुनावी जीत के लिए सामूहिक प्रयास और संगठन को एक्टिव करने पर केंद्रित रहेगा।
संगरूर में शक्ति प्रदर्शन की तैयारी
इस रैली को सफल बनाने के लिए प्रदेश कांग्रेस ने तैयारियां तेज कर दी हैं। ऐसे में अध्यक्ष परगट सिंह और वरिष्ठ नेता विजय इंदर सिंगला समेत पार्टी के अन्य नेता आयोजन स्थल का निरीक्षण कर चुके हैं। 2 नवंबर को भी कांग्रेस नेताओं ने रैली स्थल की जगह का दौरा किया है। पार्टी ने रैली में एक लाख लोगों की भागीदारी का लक्ष्य रखा है। जिसके बाद मालवा क्षेत्र में अपनी राजनीतिक ताकत दिखाने के साथ कार्यकर्ताओं में चुनावी जोश भरने की कोशिश करनी होगी। राहुल की रैली के मद्देनजर सचिन पायलट भी पंजाब के दौरे पर हैं।
सीएम मान का गृह जिला है संगरूर
बता दें कि, 'आप' पार्टी के मुख्यमंत्री भगवंत मान का गृह जिला है। ऐसे में कांग्रेस ने रैली के लिए इस क्षेत्र को चुनकर राजनीतिक संदेश देने की रणनीति बनाई है। राहुल गांधी के संबोधन में नशे, बेरोजगारी, कानून-व्यवस्था और भ्रष्टाचार जैसे तमाम मुद्दों पर आप सरकार को घेरने के साथ पंजाब के युवाओं और आम लोगों से संबंधित सवाल मुख्य रह सकता है।