Delhi का Mega Plan: CM रेखा गुप्ता का ऐलान, Infrastructure और Environment पर सरकार का पूरा फोकस

दिव्यांशी भदौरिया     Feb 21, 2026
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Delhi का Mega Plan: CM रेखा गुप्ता का ऐलान, Infrastructure और Environment पर सरकार का पूरा फोकस

दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने विकसित दिल्ली का खाका पेश किया है, जिसमें बुनियादी ढांचे, पर्यावरण और नवाचार पर सरकार का मुख्य फोकस है। इस योजना के तहत पेयजल, सीवर व्यवस्था, सड़क नेटवर्क को मजबूत करने के साथ-साथ यमुना सफाई और प्रदूषण नियंत्रण पर भी जोर दिया जाएगा।

हाल ही में दिल्ली सरकार ने अपने 100 दिन की सरकार के कार्य पूरे किए है। इस बीच, मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने विकसित और आधुनिक दिल्ली की अपनी रूपरेखा सामने रखी। उन्होंने स्पष्ट किया कि उद्देश्य किसी अन्य शहर की नकल करना नहीं है, बल्कि राजधानी की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए उसे विश्वस्तरीय सुविधाओं से सुसज्जित करना है। उन्होंने कहा कि स्वच्छ पेयजल, बेहतर सीवर व्यवस्था, झुग्गी क्षेत्रों का समुचित विकास और मजबूत सड़क ढांचा सरकार की प्रमुख प्राथमिकताएं हैं।


क्या बोली सीएम रेखा गुप्ता?


मुख्यमंत्री ने बताया कि बीते एक वर्ष में 13 किलोमीटर लंबी जल ट्रांसमिशन पाइपलाइन को बदला गया है, जबकि 172 किलोमीटर नई और प्रतिस्थापित जल पाइपलाइनें बिछाई गई हैं। इसके अतिरिक्त 37 किलोमीटर नई पाइपलाइन के कार्य का आवंटन भी किया जा चुका है। उन्होंने यह भी कहा कि 833 किलोमीटर सेकेंडरी और वितरण लाइनों पर विभिन्न इलाकों में काम शुरू किया जा रहा है। सीवर व्यवस्था को मजबूत करने के लिए 180 किलोमीटर नई लाइन डाली गई है, 110 किलोमीटर पुरानी लाइनों को बदला गया है और 144 किलोमीटर नई लाइन के कार्य फिलहाल टेंडर प्रक्रिया में हैं।


झुग्गीवासियों के लिए 13,000 फ्लैट बना रहे


आपको बताते चलें कि, दिल्ली सरकार झुग्गी बस्तियों के विकास के लिए 700 करोड़ रुपये जारी किए हैं। फिलहाल सावदा घेवरा, भलस्वा, द्वारका और सुल्तानपुरी समेत कई इलाकों में करीब 13,000 फ्लैट तैयार किए जा रहे हैं। इसके साथ ही मजदूरों को 22,411 रुपये मासिक न्यूनतम वेतन दिया जा रहा है। कामकाजी महिलाओं  के लिए 500 पालना केंद्र खोले गए है। इसके अतिरिक्त एससी, एसटी बस्तियों में 85 करोड़ रुपये की 146 परियोजनाएं मंजूर की गई हैं।


550 किलोमीटर सड़कों की कारपेटिंग


मुख्यमंत्री ने बताया कि पीडब्ल्यूडी की 1,400 किमी सड़कों में से 550 किमी पर वॉल-टू-वॉल कारपेटिंग का निर्णय लिया गया है, जिसमें 150 किमी काम पूरा हो चुका है और शेष 400 किमी बारिश से पहले पूरा करने का लक्ष्य है। बाकी 600 किमी के लिए टेंडर प्रक्रिया शुरू हो गई है। जलभराव रोकने के लिए समय पर डी-सिल्टिंग की गई है। नंद नगरी फ्लाईओवर बनकर तैयार है, जबकि बारापुला और मुकरबा चौक परियोजनाएं तय समय सीमा में पूरी करने का लक्ष्य है। साथ ही नए फ्लाईओवर, 47 चौराहों के सौंदर्यीकरण और 40 फुटओवर ब्रिज निर्माण की योजना पर काम जारी है।


दिल्ली में हरित क्रांति की तैयारी


सीएम रेखा गुप्ता ने प्रदूषण से लड़ने के लिए इस साल योजना बना रही है। उन्होंने कहा कि जहरीली हवा और लैंडफिल साइटों पर कूड़े के पहाड़ दो सबसे बड़े सकंट हैं। इससे निपटने के लिए सरकार प्लान बना रही है। दिल्ली में धूल से निपटने के लिए डस्ट मिटिगेशन प्लान लागू किया है। वहीं, डीडीए, एमसीडी और पीडब्ल्यूडी को वॉल-टू-वॉल कारपेटिंग और हरित विकास के निर्देश दिए गए हैं। इस साल दिल्ली में कम से कम 35 लाख स्वदेशी पौधे लगाए जाएंगे।


दिल्ली और साफ दिखेगी


मुख्यमंत्री ने कहा है कि, नरेला-बवाना में 3,000 टीपीडी का नया वेस्ट-टू-एनर्जी प्लांट बन रहा है। ओखला और तेहखंड संयंत्रों की क्षमता भी एक-एक हजार टीपीडी बढ़ाई जा रही है। सॉलिड कूडें को मैनेज करने के लिए 500 करोड़ रुपये दिए गए हैं और हर साल 300 करोड़ रुपये अतिरिक्त देने का वादा किया है। 


यमुना के कायाकल्प को बदलेगी


दिल्ली सरकार ने अपने एक वर्ष पूरे होने पर यमुना सफाई, सीवर सुधार और जलभराव रोकने की योजनाओं की जानकारी दी। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि यमुना का पुनर्जीवन सरकार की प्रमुख प्राथमिकता है। उन्होंने बताया कि पदभार संभालते समय 37 में से अधिकांश एसटीपी मानकों पर खरे नहीं थे, जिनमें से एक साल में 28 को अपग्रेड किया जा चुका है और 9 पर काम जारी है।