Maharashtra Lok Sabha Election 2024: औरंगाबाद लोकसभा सीट पर बेहद दिलचस्प हुआ मुकाबला, क्या AIMIM से शिवसेना UBT ले पाएगी टक्कर

अनन्या मिश्रा     Apr 06, 2024
शेयर करें:   
Maharashtra Lok Sabha Election 2024: औरंगाबाद लोकसभा सीट पर बेहद दिलचस्प हुआ मुकाबला, क्या AIMIM से शिवसेना UBT ले पाएगी टक्कर

देश में औरंगाबाद नाम के दो शहर हैं। जिनमें से एक बिहार तो दूसरा महाराष्ट्र में है। भले ही महाराष्ट्र के इस शहर का नाम बदल दिया गया हो, लेकिन यहां की राजनीति आप भी उतनी ही दिलचस्प है। जितनी है साल 2019 के लोकसभा चुनाव के दौरान थी।

लोकसभा चुनाव के मद्देनजर सभी राजनीतिक पार्टियों ने अपनी-अपनी कमर कस ली है। वहीं देश में औरंगाबाद नाम के दो शहर हैं। जिनमें से एक बिहार तो दूसरा महाराष्ट्र में है। हांलाकि कुछ समय पहले महाराष्ट्र के औरंगाबाद शहर का नाम बदलकर छत्रपति संभाजी नगर कर दिया गया है। लेकिन भले ही महाराष्ट्र के इस शहर का नाम बदल दिया गया हो, लेकिन यहां की राजनीति आप भी उतनी ही दिलचस्प है। जितनी है साल 2019 के लोकसभा चुनाव के दौरान थी। औरंगाबाद महाराष्ट्र की एक महत्वपूर्ण लोकसभा सीट है और इस सीट पर पहले चरण 19 अप्रैल को मतदान होना है। तो आइए जानते हैं कि इस सीट से किस राजनीतिक दल ने किसे उम्मीदवार बनाया है।


AIMIM प्रत्याशी इम्तियाज अली

आपको बता दें कि महाराष्ट्र के औरंगाबाद केंद्रीय निर्वाचन क्षेत्र से 2014 के विधानसभा चुनाव में इम्तियाज जलील को विधानसभा के सदस्य के रूप में चुना गया हैं। वहीं ऑल इंडिया मजलिस इत्तेहादुल मुसलमीन (AIMIM) ने एक बार फिर इम्तियाज जलील को इस सीट से उम्मीदवार बनाया है। भले ही इम्तियाज को पत्रकारिता छोड़े हुए 10 साल हो गए हैं। लेकिन आज भी उनके तेवर पत्रकारों वाले हैं। वह जनता की आवाज बनने का प्रयास करने के साथ ही सरकार से सवाल पूछने पर जोर देते हैं। 


साल 2019 के लोकसभा चुनाव में औरंगाबाद सीट से इम्तियाज जलील ने ही राज्य में AIMIM का खाता खोला था। इस दौरान उन्हें करीब 3 लाख 90 हजार वोट मिले थे। हांलाकि जलील ने इस चुनाव में मामूली अंतर से जीत हासिल की थी। ऐसे में एक बार फिर वह औरंगाबाद सीट से अपनी जीत को दोहराने का प्रयास कर रहे हैं। 


शिवसेना UBT प्रत्य़ाशी चंद्रकांत खैरे

बता दें कि साल 2019 में AIMIM के इम्तियाज जलील के सामने हारने से पहले चंद्रकांत खैरे ने चार बार औरंगाबाद निर्वाचन क्षेत्र का प्रतिनिधित्व किया है। ऐसे में एक बाद फिर उद्धव ठाकरे की शिवसेना ने चंद्रकांत खैरे पर भरोसा जताया है। वहीं खैरे ने भी यह दावा किया है कि यह सीट शिवसेना (यूबीटी) के पास रहेगी। खैरे का मानना है कि इस सीट से मुसलमान भी वोट देंगे। क्योंकि कोविड काल के समय उद्धव ठाकरे ने बिना सीएम और बिना किसी भेदभाव के भी मुस्लिम समुदाय का ध्यान रखा था। 


वहीं चंद्रकांत खैरे ने साल 1999, 2004, 2009 और 2014 में महाराष्ट्र की औरंगाबाद लोकसभा सीट का प्रतिनिधित्व किया है। वहीं उन्होंने महाराष्ट्र की शिवसेना सरकार में कैबिनेट मंत्री के रूप में भी कार्य किया है।