उम्मीदवारों के चयन पर नाराज हुईं Rohini Acharya, RJD पर अवसरवादी चेहरों को प्राथमिकता देने का लगाया आरोप

दिव्यांशी भदौरिया     Sep 12, 2026
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उम्मीदवारों के चयन पर नाराज हुईं Rohini Acharya, RJD पर अवसरवादी चेहरों को प्राथमिकता देने का लगाया आरोप

बिहार विधान परिषद चुनाव के लिए राजद ने शिक्षक और स्नातक कोटे की सीटों पर छह प्रत्याशियों के नाम घोषित किए हैं। उम्मीदवारों के ऐलान के बाद लालू प्रसाद की बेटी रोहिणी आचार्य ने चयन पर कड़ा विरोध जताया है। उन्होंने आरोप लगाया कि पार्टी में समर्पित कार्यकर्ताओं की अनदेखी कर अवसरवादी चेहरों को प्राथमिकता दी गई है।

इस दौरान बिहार विधान परिषद चुनाव को लेकर राष्ट्रीय जनता दल (RJD) ने अपने पत्ते खोल दिए हैं। पार्टी ने शिक्षक और स्नातक कोटे की सीटों के लिए 6 प्रत्याशियों के नाम का ऐलान कर दिया है।

जबसे उम्मीदवारों के नाम का ऐलान हुआ है, तबसे लालू प्रसाद की बेटी रोहिणी आचार्य ने प्रत्याशियों के चयन पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने अवसरवादी चेहरे को प्राथमिकता देने का आरोप लगाया है।

जदयू छोड़ राजद में आए डॉ. संजीव पटना से मैदान में

राजद ने शिक्षक कोटे की पटना सीट से परबत्ता के पूर्व विधायक डॉ. संजीव कुमार सिंह को चुनावी मैदान में उतारा है। बता दें कि, विधानसभा चुनाव से पहले डॉ. संजीव कुमार सिंह जदयू छोड़कर राजद में शामिल हुए थे।

इतना ही नहीं, पटना स्नातक सीट से दिलीप कुमार को प्रत्याशी बनाया गया है। इनके अलावा कोसी स्नातक से नितेश कुमार, दरभंगा स्नातक से अनिल कुमार झा, तिरहुत शिक्षक से डॉ. रशिम विनायक गौतम और सारण शिक्षक सीट से प्रो. जयराम यादव को टिकट दिया गया है।

क्या कहा रोहिणी आचार्य ने?

बता दें कि, रोहिणी आचार्य ने एक्स पर पोस्ट कर कहा कि, वैचारिक निष्ठा और लंबे संघर्ष को दरकिनार कर ऐन चुनाव (विधान परिषद चुनाव ) से पहले आए अवसरवादी चेहरों को प्राथमिकता देना समर्पित नेताओं - कार्यकर्ताओं एवं समर्थकों का घोर अनादर है। दशकों तक लाठियां खाकर पार्टी और संगठन को सींचने वाले नेताओं को दरकिनार करना राजद के आंतरिक लोकतंत्र और जमीनी कैडर के प्रति उदासीनता को दर्शाता है। यह निर्णय न केवल निष्ठावान लालूवादियों के साथ वादाखिलाफी है, बल्कि लालू जी की विचारधारा, पार्टी के मूल सिद्धांतों और संगठन की मजबूती पर भी गहरा आघात है।