Jharkhand में शिक्षा क्रांति: 15 दिनों में सक्रिय होगा University Service Commission, CM Hemant Soren का बड़ा फैसला

मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने शिक्षा व्यवस्था में सुधार हेतु झारखंड विश्वविद्यालय सेवा आयोग को 15 दिनों में सक्रिय करने का निर्देश दिया है। राज्य को माइनिंग से माइंड की ओर ले जाने के विजन के साथ तकनीकी संस्थानों में एआई और इलेक्ट्रिक व्हीकल जैसे रोजगारपरक पाठ्यक्रम शुरू किए जाएंगे। यह कदम उच्च शिक्षा में गुणवत्ता और रोजगार के नए अवसर सुनिश्चित करने के उद्देश्य से प्रेरित है।
बीते सोमवार को झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने उच्च एवं तकनीकी शिक्षा विभाग की उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक में राज्य की शिक्षा व्यवस्था को आधुनिक, गुणवत्तापूर्ण और रोजगारोन्मुख बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण निर्देश जारी किए है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि झारखंड को 'माइनिंग से माइंड' की ओर ले जाने में उच्च एवं तकनीकी शिक्षा विभाग की भूमिका काफी जरुरी है। उन्होंने अधिकारियों को योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के साथ समयबद्ध कार्रवाई सुनिश्चित करने के आदेश दिए।
15 दिन में सक्रिय होगा झारखंड विश्वविद्यालय सेवा आयोग
सीएम हेमंत सोरोन ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि अगले 15 दिनों के भीतर झारखंड विश्वविद्यालय सेवा आयोग को पूरी तरह कार्यरत किया जाए। इसके साथ ही हायर एजुकेशन और रोजगारपरक कोचिंग संस्थानों की निगरानी के लिए कोचिंग रेगुलेटरी अथॉरिटी को भी 15 दिनों में सक्रिय करने के निर्देश दिए।
गुरुजी स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना पर विशेष जोर
बैठक में सीएम ने गुरुजी स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड (GSCC) योजना की समीक्षा की। अधिकारियों ने बताया कि अब तक 2,888 पात्र विद्यार्थियों को ऋण स्वीकृत किया गया है, जबकि 243 छात्र-छात्राओं को विभिन्न बैंकों के जरिए करीब 64 करोड़ रुपये की शिक्षा ऋण उपलब्ध कराया है। मुख्यमंत्री ने यह निर्देश दिया है कि अधिक से अधिक पात्र विद्यार्थी इस योजना का लाभ जरुर मिले, जिससे आर्थिक तंगी के कारण कोई भी छात्र उच्च शिक्षा से वंचित न रहे।
तकनीकी शिक्षा को उद्योगों से जोड़ने की तैयारी
सीएम सोरेन ने अधिकारियों को निर्देश जारी किए है कि राज्य के सरकारी पॉलिटेक्निक और तकनीकी संस्थानों में भविष्य की जरुरतों के अनुरुप आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), इलेक्ट्रिक व्हीकल, सेमीकंडक्टर मैन्युफैक्चरिंग, लॉजिस्टिक्स, टेक्सटाइल डिजाइन और इमर्जिंग टेक्नोलॉजी जैसे रोजगारपरक पाठ्यक्रम शुरु किए जाएं। इतना ही नहीं, उन्होंने नौ जिलों में तकनीकी शिक्षा क्लस्टर विकसित करने की योजना पर तेजी से काम करने के निर्देश जारी किए है।



